भाजपा ने माना कि हिंदू भी आतंकवादी हो सकता है!

• कांग्रेसियों का दिल है कि मानता नहीं
• इस हद तक राजनीतिक अदावत
• गांव बसा नहीं और..
• दिल्ली में नीतीश भी काम नहीं आए
• एनसीआर पर भाजपा की फंसावट
• भाजपा ने माना कि हिंदू भी आतंकवादी हो सकता है!
• चलते-चलते

केजरीवाल के मुकाबले मोदी मामूली बात नहीं

• केजरीवाल के मुकाबले मोदी मामूली बात नहीं
• मंत्रियों के कामकाज का गोलमाल
• राष्ट्रीय पुस्तक न्यास में सैन्य अधिकारी
• अब्दुल्ला परिवार राजनीति नहीं छोड़ने वाला
• जगदीश कुमार की बलि अभी नहीं!
• प्रियंका को मिली पहली जीत
• चलते-चलते

मोदी के रास्ते पर ट्रंप?

• मोदी के रास्ते पर ट्रंप?
• जस्टिस काटजू की चिंता कितनी जायज?
• महाराष्ट्र के कांग्रेस नेताओं की ‘प्रतिभा’
• जादू-टोना और राजनीति
• बॉलीवुड की अभिनेत्रियों ने दिखाया दम
• दिल्ली के सभी सांसद मंत्री बनने के आकांक्षी
• चलते-चलते

सरकार को विपक्ष की सलाह की जरुरत नहीं

• सरकार को विपक्ष की सलाह की जरुरत नहीं
• वक्त-वक्त की बात
• भारत को नए जनरल रावत मिल गए!
• बिहार में ओवैसी की राजनीति
• दो साल एनपीआर, एनआरसी ही चलेगा!
• मजबूरी बनते क्षेत्रीय दल
• चलते-चलते

राजनाथ सिंह की मुश्किल

• राजनाथ सिंह की मुश्किल
• मुख्यमंत्रियों के हारने का सिलसिला
• उद्धव ठाकरे की परीक्षा
• मायावती की परेशानी
• आप’ और कांग्रेस के साथ आने की चर्चा
• चलते-चलते

झारखंड में अहंकार और नफरत का एजेंडा खंड-खंड

झारखंड में भाजपा को मिली हार स्पष्ट तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की निजी हार है। सूबे की जनता ने उनके फैसले को और उनके एजेंडे को सिरे से खारिज कर दिया। पिछले एक साल में पांच राज्य और उसमें भी मोदी के दूसरी बार प्रधानमंत्री बनने के सात महीने के भीतर ही दो राज्यों का भाजपा के हाथ से निकल जाना पूरी पार्टी और खासकर मोदी-शाह की जोडी के लिए साफ इशारा है कि वह अति-आत्मविश्वास और आत्म-मुग्धता की कैद से बाहर निकले और यह मुगालता दूर कर लें कि उनके हर फैसले और विभाजनकारी एजेंडे पर पूरा देश उनसे सहमत है।

प्रणब मुखर्जी के बदलते सुर

• नमामि गंगे की क्या समीक्षा की प्रधानमंत्री ने?
• प्रणब बाबू के बदलते सुर प्रणब मुखर्जी
• कांग्रेस में इतनी ताकत है कहां?
• मास्टर स्ट्रोक के चक्कर में कैच आउट
• दलबदलुओं की परेशानी
• बॉलीवुड ने इस बार चुप्पी तोडी
• चलते-चलते

नए संसद भवन में सेंट्रल हॉल नहीं होगा!

• यूपी में दूध के जले विपक्षी दल
• दोराहे पर राज ठाकरे
• संजय राउत की भूमिका
• हाय हुसैन शाहनवाज!
• लोकसभा का उपाध्यक्ष कब बनेगा?
• नए संसद भवन में सेंट्रल हॉल नहीं होगा!
• चलते-चलते

पवार के खुलासे के मायने

• पवार के खुलासे के मायने
• मनमोहन की ललकार पर बोले राहुल बजाज
• मोदी की हिदायत भी अनसुनी
• दिल्ली में भाजपा का कंफ्यूजन कार्ड
• राहुल बजाज को ट्रोल करने का मकसद
• कांग्रेस चाहती है कि सुप्रिया बने उत्तराधिकारी
• चलते-चलते

‘लुटेरो’ से तालमेल नहीं करने की गारंटी नहीं!

• ‘लुटेरो’ से तालमेल नहीं करने की गारंटी नहीं!
• आधी रात के फैसले
• उलटा पड गया पासवान का पैंतरा
• झारखंड को लेकर नाउम्मीद हैं मोदी?
• चंद्रबाबू फिर थामेंगे भाजपा का हाथ
• उद्धव चुनाव नहीं लडेंगे!
• चलते-चलते